शाकचुन्नी

शाकचुन्नी बंगाली लोककथामे एकटा महिला भूत अछि, जाहिक वर्णन प्रायः बांग्लादेश आ भारतीय राज्य पश्चिम बंगाल केर पौराणिक परंपरामे कएल जाइत अछि। ई शब्द एकटा विवाहित हिन्दू महिला केर आत्मा के सूचित करैत अछि, जकर मृत्यु विवाहिता अवस्थामे (अर्थात् अपन पति सँ पहिले) भ’ गेल होइत अछि।[१]
शब्द-साधन
[सम्पादन करी]“शाकचुन्नी” शब्द संस्कृत शब्द शंखचूर्णी सँ लेल गेल अछि। बंगाली हिंदू परंपरामे विवाहिता महिला सभ विवाहक प्रतीक रूपमे शंखक चूड़ी (शंख) आ सिन्दूर धारण करैत छथि। एहन मान्यता अछि जे शाकचुन्नी मृत्यु केर बादो एहि प्रतीक सभकेँ पहिरने रहैत अछि, जे ओकर वैवाहिक जीवन प्रति निरंतर लगावकेँ दर्शबैत अछि।[२]
उत्पत्ति आ लोककथा
[सम्पादन करी]लोककथा अनुसार, शाकचुन्नी एकटा विवाहिता महिला केर आत्मा अछि, जकर मृत्यु समय गृहस्थ जीवन सँ जुड़ल इच्छा आ लगाव अधूरा रहि जाइत अछि। ओकरा प्रायः वैवाहिक सुख आ गृहस्थ जीवनक लालसा मे डूबल देखाओल जाइत अछि। एहन कहल जाइत अछि जे ओ विवाहिता महिला सभ, विशेषकर संपन्न परिवारक महिला सभ पर प्रभाव डालैत अछि, ताकि ओ अपन अधूरा अनुभव फेर सँ जी सकए।
शाकचुन्नी सँ संबंधित कथा पारंपरिक बंगाली लोककथा संग्रह, जइमे ठाकुरमार झूली जेकाँ प्रसिद्ध संग्रह सेहो शामिल अछि, मे भेटैत अछि। अनेक कथा मे अंततः कोनो ओझा ओकर आत्माकेँ पराजित वा निष्कासित कए दैत अछि।[१]
शारीरिक वर्णन
[सम्पादन करी]शाकचुन्नीकेँ सामान्यतः हरियर रंगक त्वचा वाला बताओल जाइत अछि, जे साग-पात (शाक) केर रंग सँ मेल खाइत अछि। बंगाली लोककथामे अन्य आत्मा जेकाँ, ओकरा दुबला-पतला आ कमजोर रूपमे देखाओल जाइत अछि। ओ लाल आ सफेद रंगक पारंपरिक साड़ी पहिरैत अछि, संगहि शंखक चूड़ी आ माथ पर लाल सिन्दूर लगौने रहैत अछि। भूत होइतहुँ ओ अपन साज-सज्जा प्रति सजग रहैत अछि।[३]
विशेषताएँ
[सम्पादन करी]शाकचुन्नी प्रायः माछक शौकीन बताओल जाइत अछि, जे बंगालमे विवाहिता महिला लेल सांस्कृतिक रूप सँ महत्वपूर्ण भोजन थिक। पारंपरिक मान्यता अनुसार, विवाहिता महिला सभ अपन पति केर स्वास्थ्य आ दीर्घायु प्रतीक रूपे माछ खाए लेल प्रोत्साहित होइत छलीह। शाकचुन्नी केर माछ खाएबाक तीव्र इच्छा वैवाहिक जीवनमे फेर सँ लौटबाक ओकर आकांक्षाक प्रतीक अछि। लोककथामे एहि बातमे मतभेद भेटैत अछि जे ओ कच्चा, तली, जली वा सड़ी माछ पसंद करैत अछि।
एहन सेहो मानल जाइत अछि जे ओ अपन निवास क्षेत्रमे गोबरक पानी छिड़कैत अछि आ किछ विशेष पेड़, विशेषकर स्ट्रेबलस एस्पर (शेओरा) आ आमक पेड़ मे निवास करैत अछि।
सन्दर्भ
[सम्पादन करी]- 1 2 "Shakchunni, Brahmadaitya or Mamdo — who are they?", News18 Bangla (बङ्गालीमे), १२ नवम्बर २०२०, मूलसँ २० अगस्त २०२४ मे सङ्ग्रहित, अन्तिम पहुँच २० अगस्त २०२४।
|dead-url=प्यारामिटर ग्रहण नहि कएल (सहायता) - ↑ "Ghosts in Bengali literature", The Daily Star Bangla (बङ्गालीमे), २४ अगस्त २०२२, अन्तिम पहुँच २० अगस्त २०२४।
- ↑ "Different types of ghosts in Bengali culture", Anandabazar.com (बङ्गालीमे), १५ अक्टुबर २०२२, अन्तिम पहुँच २० अगस्त २०२४।