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हफ्सा बिन्त उमर

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हफ़्सा बिन्त उमर
حفصة بنت عمر
हफ़्सा बिन्त उमरक नामक इस्लामी सुलेख (कैलीग्राफी)
जन्मलगभग ६०५ ईसवी
मक्का, हेजाज़, अरब
मृत्युशाबान ४५ हिजरी (अक्टूबर/नवम्बर ६६५ ईसवी)
संस्कार स्थलजन्नत अल-बक़ी, मदीना
राष्ट्रियताअरब
प्रसिद्धि कारणइस्लामी पैगम्बर मुहम्मदक पत्नी, उम्मुल मोमिनीन, कुरआनक प्रारम्भिक पाण्डुलिपिक संरक्षिका
जीवनसाथी(सभ)
  • खुनैस इब्न हुज़ैफ़ा (विवाह ?–६२४; हुनक निधन)
  • मुहम्मद (विवाह ६२५–६३२; हुनक निधन)
अभिभावक(सभ)उमर इब्न अल-ख़त्ताब (पिता)
ज़ैनब बिन्त मज़ऊन (माता)

हफ़्सा बिन्त उमर (अरबी: حفصة بنت عمر; लगभग ६०५–६६५ ईसवी) इस्लामक पैग़म्बर मुहम्मद केर पत्नी आ दोसर खलीफा उमर इब्न अल-ख़त्ताब केर पुत्री छलीह। इस्लामी परम्परा आ साहित्य मे हुनका उम्मुल मोमिनीन ("विश्वास करनिहार लोकनिक माँ") केर उपाधि देल जाइत अछि। ओ इस्लामी इतिहासक प्रारम्भिक कालखण्ड मे एकटा प्रमुख महिला छलीह।

प्रारम्भिक जीवन आ पृष्ठभूमि

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हफ़्सा, उमर इब्न अल-ख़त्ताब आ ज़ैनब बिन्त मज़ऊनक सभ सँ पैघ सन्तान छलीह। हुनक जन्म लगभग ६०५ ईसवी मे मक्का शहर मे भेल छल। ऐतिहासिक इस्लामी स्रोत सभक अनुसार, हुनक जन्म ओही समय भेल जखन कुरैश जनजाति मक्का मे काबा केर पुनर्निर्माण कऽ रहल छल। ई समय पैगम्बर मुहम्मद केँ पहिल बेर ईश्वरीय सन्देश प्राप्त होएबा सँ लगभग पाँच वर्ष पूर्वक मानल जाइत अछि।[]

विवाह आ पारिवारिक सम्बन्ध

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हफ़्साक पहिल विवाह एकटा सहाबी (पैगम्बरक साथी) खुनैस इब्न हुज़ैफ़ा अस-सहमी सँ भेल छल। अगस्त ६२४ ईसवी मे बद्रक लड़ाईक किछु समय पश्चात खुनैसक निधन भऽ गेलन्हि, जकर कारणेँ ओ युवावस्था मे विधवा भऽ गेलीह।[]

इद्दत (विधवाक शोक आ प्रतीक्षाक अवधि) समाप्त होएबाक पश्चात, हुनक पिता उमर अपन पुत्रीक विवाहक प्रस्ताव सर्वप्रथम उस्मान इब्न अफ़्फ़ान आ फेर अबू बक्र केर समक्ष रखलन्हि, मुदा ओ दुनू गोटे प्रस्ताव अस्वीकार कऽ देलन्हि। जखन उमर पैगम्बर मुहम्मद सँ एहि विषय मे बात केलन्हि, तखन मुहम्मद उत्तर देलन्हि: "हफ़्साक विवाह उस्मान सँ बेहतर व्यक्ति सँ होएत आ उस्मानक विवाह हफ़्सा सँ बेहतर स्त्री सँ होएत।"[]

पैगम्बर मुहम्मद शाबान ३ हिजरी (जनवरीक अन्त अथवा फरवरी ६२५ ईसवीक शुरुआत) मे हफ़्सा सँ विवाह केलन्हि।[] एहि विवाह सँ पैगम्बर मुहम्मद आ हुनक साथी उमर इब्न अल-ख़त्ताबक मध्यक सम्बन्ध पारिवारिक रूप सँ सेहो सुदृढ़ भऽ गेल।

कुरआनक सङ्कलन मे भूमिका

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इस्लामिक इतिहास मे हफ़्साक एकटा महत्त्वपूर्ण भूमिका कुरआन केर संरक्षण मे रहल अछि। पहिल खलीफा अबू बक्रक समय मे जखन कुरआन केँ पहिल बेर एकटा पुस्तक (मुसहफ़) केर रूप मे सङ्कलित कएल गेल, तखन ओ मूल पाण्डुलिपि सुरक्षित रूप सँ उमर इब्न अल-ख़त्ताब लग राखल गेल। उमरक निधनक पश्चात ई पाण्डुलिपि हफ़्साक देखरेख आ संरक्षण मे रहल। कालान्तर मे, जखन तेसर खलीफा उस्मान इब्न अफ़्फ़ान कुरआनक पाठक मानकीकरण (Standardization) केलन्हि, तखन ओ ओही सुरक्षित मूल पाण्डुलिपिक उपयोग केलन्हि जे हफ़्सा लग राखल छल।[][][]

हदीस तथा ऐतिहासिक दृष्टिकोण

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हफ़्सा इस्लामी ज्ञान आ परम्परा सभ केँ आगाँ बढ़यबा मे योगदान देलन्हि। हुनका सँ लगभग साठि (६०) हदीस सभक वर्णन भेटैत अछि।[]

सहीह अल-बुख़ारी जकाँ हदीस सङ्ग्रह सभ मे हफ़्साक जीवन सँ सम्बन्धित घटना सभ, हुनक प्रतिज्ञा सभ आ सामाजिक न्यायक प्रसङ्ग सभक उल्लेख अछि।[][१०] एकर अतिरिक्त, कुरआनक सूरा अल-तहरीम आ सूरा अल-अहज़ाबक किछु आयत सभक अवतरण (शान-ए-नुज़ूल) केर ऐतिहासिक सन्दर्भ मे सेहो हुनक नाम अबैत अछि।[११][१२] तथापि, इस्लामी इतिहासक किछु प्रसङ्ग सभ मे हुनक आ आयशाक वर्णन केँ लऽ कऽ सुन्नी आ शिया परम्परा सभक दृष्टिकोण सभ मे किछु अन्तर सेहो देखल जाइत अछि।[१३]

हफ़्साक निधन शाबान ४५ हिजरी (अक्टूबर अथवा नवम्बर ६६५ ईसवी) मे भेल। हुनका मदीनाक जन्नत अल-बक़ी कब्रिस्तान मे दफनाओल गेल।[१४][१५]

एकरो देखू

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  1. Ibn Saad, Muhammad (1995). The Women of Madina (Tabaqat vol. 8). London: Ta-Ha Publishers. प॰ 56. आइएसबिएन 978-1897940242. https://archive.org/details/womenofmadina0000ibns.
  2. Ibn Saad, Muhammad (2013). The Companions of Badr (Tabaqat vol. 3). London: Ta-Ha Publishers. प॰ 307. आइएसबिएन 978-1842001332.
  3. Ibn Saad, Muhammad (1995). The Women of Madina (Tabaqat vol. 8). London: Ta-Ha Publishers. pp. 56-58. आइएसबिएन 978-1897940242. https://archive.org/details/womenofmadina0000ibns.
  4. Margoliouth, D. S. (1905). Mohammed and the Rise of Islam. New York & London: G. P. Putnam's Sons. प॰ 307. https://archive.org/details/mohammedandrise03marggoog. अन्तिम पहुँच तिथि: 2026-03-20.
  5. "Sahih al-Bukhari 4986: Virtues of the Qur'an", Sunnah.com, अन्तिम पहुँच २०२६-०३-२०
  6. "Sahih al-Bukhari 6691 - Oaths and Vows - كتاب الأيمان والنذور - Sunnah.com - Sayings and Teachings of Prophet Muhammad (صلى الله عليه و سلم)", sunnah.com, अन्तिम पहुँच २०२६-०३-२०
  7. "Sahih al-Bukhari 2468 - Oppressions - كتاب المظالم - Sunnah.com - Sayings and Teachings of Prophet Muhammad (صلى الله عليه و سلم)", sunnah.com, अन्तिम पहुँच २०२६-०३-२०
  8. Siddiqi, M. Z. (2006). Hadith Literature: Its Origin, Development, Special Features and Criticism. Kuala Lumpur: Islamic Book Trust. प॰ 25. आइएसबिएन 978-9839154160.
  9. "Sahih al-Bukhari 6691 - Oaths and Vows", Sunnah.com, अन्तिम पहुँच २०२६-०३-२०
  10. "Sahih al-Bukhari 2468 - Oppressions", Sunnah.com, अन्तिम पहुँच २०२६-०३-२०
  11. Elias, Abu Amina (२०१६-०३-२६), "Story of Hafsa and Maria in Surat al-Tahrim", www.abuaminaelias.com (en-USमे), अन्तिम पहुँच २०२६-०३-२०
  12. "Surah Al-Ahzab - 6", Quran.com (अङ्ग्रेजीमे), अन्तिम पहुँच २०२६-०३-२०
  13. "The Sixteenth Spurious Argument: Shia Opinon about Hafsa and Aisha", al-islam.org (अङ्ग्रेजीमे), २०१४-०२-२०, अन्तिम पहुँच २०२६-०३-२०
  14. Ibn Saad, Muhammad (1995). The Women of Madina (Tabaqat vol. 8). London: Ta-Ha Publishers. प॰ 60. आइएसबिएन 978-1897940242. https://archive.org/details/womenofmadina0000ibns.
  15. احمد بن محمد السياري (Arabicमे). Kitab Al Qir'at Of Ahmad B. Muhammad Al Sayyari. http://archive.org/details/KitabAlQiratOfAhmadB.MuhammadAlSayyari.